Dholera Solar Park 2026: 4,400 MW Grid Sync & Clean Energy

भारत के नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र ने धोलेरा सोलर पार्क 2026 के दूसरे चरण के ग्रिड सिंक्रोनाइज़ेशन के साथ एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। खंभात की खाड़ी के पास 11,000 हेक्टेयर में फैला यह 4,400 मेगावाट का अल्ट्रा-मेगा सोलर पार्क धोलेरा एसआईआर को देश का पहला शून्य-उत्सर्जन स्मार्ट औद्योगिक शहर बनाता है।
धोलेरा सोलर पार्क 2026: 4,400 मेगावाट क्षमता और 765 केवी जीआईएस सबस्टेशन
टाटा पावर और गुजरात पावर कॉर्पोरेशन द्वारा विकसित यह सौर पार्क न केवल स्थानीय उद्योगों को चौबीसों घंटे हरित बिजली प्रदान करता है, बल्कि 765 केवी गैस-इंसुलेटेड सबस्टेशन के जरिए टाटा सेमीकंडक्टर फैब को बिना किसी रुकावट के उच्च गुणवत्ता वाली बिजली सुनिश्चित करता है।
भूमिगत उपयोगिता नलिकाएं और हरित ऊर्जा से रियल एस्टेट उछाल
धोलेरा में कोई भी बिजली का तार हवा में नहीं है; सभी केबल भूमिगत कंक्रीट यूटिलिटी डक्ट में सुरक्षित हैं। इस हरित ऊर्जा क्रांति के चलते टीपी1 और टीपी2 में औद्योगिक और वाणिज्यिक भूखंडों के मूल्यों में रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज की जा रही है।